गोपालगंज: बिहार के गोपालगंज जिले के शेरपुर गांव से एक ऐसी खबर आई है, जिसने सबको चौंका कर रख दिया है। एक महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है, लेकिन उसकी मौत के पीछे की कहानी को लेकर मायके और ससुराल वालों के दावे बिल्कुल उलट हैं। मामला कुचायकोट थाना क्षेत्र का है, जहां वीरेंद्र प्रसाद की पत्नी रीना देवी अब इस दुनिया में नहीं हैं। रीना के पिता का आरोप है कि उनकी बेटी को लगातार पीटा जा रहा था और गालियां दी जा रही थीं, जबकि पति का कहना है कि कंधे के दर्द के लिए इंजेक्शन लगवाने के बाद उसकी तबीयत अचानक बिगड़ गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है और अब सबकी निगाहें पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी हैं कि आखिर सच क्या है?
ये पूरा वाकया गोपालगंज के कुचायकोट थाना क्षेत्र के शेरपुर गांव का है। खबर मिली कि यहां रीना देवी नाम की एक महिला की मौत हो गई है।
सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची। जब पुलिस ने जांच शुरू की, तो दो अलग-अलग कहानियां सामने आईं, जो एक-दूसरे से बिल्कुल मेल नहीं खाती थीं।
एक तरफ जहां मायके वाले सदमे में और गुस्से में थे, वहीं ससुराल पक्ष भी अपनी बात रख रहा था। ऐसे में पुलिस के सामने ये चुनौती थी कि इस गुत्थी को कैसे सुलझाया जाए।
मायके वालों का आरोप: बेटी को पीट-पीटकर मार डाला!
रीना देवी के पिता रामेश्वर प्रसाद ने जो आरोप लगाए हैं, वो बेहद गंभीर हैं। रामेश्वर प्रसाद का कहना है कि उनकी बेटी रीना को ससुराल में अक्सर मारपीट का सामना करना पड़ता था।
सिर्फ मारपीट ही नहीं, उसे गालियां भी दी जाती थीं। पिता का दर्द साफ झलक रहा था जब उन्होंने बताया कि ये कोई एक-दो दिन की बात नहीं थी, बल्कि ये सिलसिला लंबे समय से चला आ रहा था।
रामेश्वर प्रसाद के मुताबिक, कई बार तो इस मुद्दे को सुलझाने के लिए गांव में पंचायतें भी बैठी थीं। पंचायतों में ससुराल वालों को समझाया जाता था, उन्हें चेतावनी भी दी जाती थी कि रीना के साथ ऐसा व्यवहार न करें।
लेकिन, ऐसा लगता है कि इन समझाइशों का उन पर कोई खास असर नहीं हुआ। पिता का आरोप है कि इन्हीं लगातार हो रही मारपीट और प्रताड़ना की वजह से उनकी बेटी की जान गई है।
अब उनका परिवार रीना के लिए न्याय चाहता है और ससुराल वालों पर कड़ी कार्रवाई की मांग कर रहा है।
पति का दावा: इंजेक्शन के बाद बिगड़ी तबीयत
दूसरी ओर, रीना के पति वीरेंद्र प्रसाद की कहानी मायके वालों के आरोपों से बिल्कुल अलग है। वीरेंद्र का कहना है कि उनकी पत्नी रीना देवी पिछले कुछ समय से कंधे के दर्द से परेशान थीं।
दर्द इतना ज्यादा था कि वो इसे बर्दाश्त नहीं कर पा रही थीं। ऐसे में वीरेंद्र ने इलाज के लिए कदम उठाया।
उन्होंने बताया कि वह बाजार गए और वहां एक 'जेनेरिक दवा दुकान' से अपनी पत्नी के लिए दवा खरीदी। दवा के साथ उन्होंने रीना को एक इंजेक्शन भी लगवाया।
वीरेंद्र के मुताबिक, इंजेक्शन लगवाने के कुछ ही देर बाद रीना की तबीयत अचानक बिगड़ने लगी। उसकी हालत तेजी से खराब होती चली गई।
यह देख परिवार में हड़कंप मच गया और सब घबरा गए।
अस्पताल में डॉक्टरों ने मृत घोषित किया; पुलिस जांच में जुटी
रीना की तबीयत बिगड़ते ही परिजनों ने बिना देर किए उसे पास के कुचायकोट सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंचाया। वहां डॉक्टरों ने तुरंत रीना को देखा और उसकी जांच की।
लेकिन, अफसोस! तब तक बहुत देर हो चुकी थी। डॉक्टरों ने रीना देवी को मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल में यह खबर सुनते ही परिजनों में चीख-पुकार मच गई और पूरे परिवार में कोहराम छा गया। गांव में भी जब ये खबर फैली, तो देखते ही देखते रीना के घर और अस्पताल के बाहर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई।
हर कोई जानना चाहता था कि आखिर इतनी अचानक और रहस्यमय तरीके से रीना की मौत कैसे हो गई।
घटना की जानकारी मिलते ही कुचायकोट पुलिस भी तुरंत हरकत में आई। पुलिस बल मौके पर पहुंचा, स्थिति का जायजा लिया और रीना देवी के शव को अपने कब्जे में लिया।
पुलिस ने बिना कोई देर किए शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट ही इस मामले की सबसे अहम कड़ी साबित होगी, जो ये बताएगी कि रीना की मौत का असली कारण क्या था।
क्या वाकई उसे पीटा गया था, या फिर इंजेक्शन का कोई गलत रिएक्शन हुआ? ये सारे सवाल फिलहाल पुलिस की जांच के दायरे में हैं।
कुचायकोट थाना के थानाध्यक्ष दर्पण सुमन ने मीडिया से बातचीत में बताया कि पुलिस इस पूरे मामले की गहनता से जांच कर रही है। उन्होंने कहा कि "मौत के कारणों का स्पष्ट खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही हो पाएगा।
" पुलिस ने दोनों पक्षों के बयानों को दर्ज कर लिया है और हर संभव एंगल से मामले की पड़ताल कर रही है। जब तक पोस्टमार्टम रिपोर्ट नहीं आती और जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक शेरपुर गांव में तनाव और मायके-ससुराल के बीच आरोप-प्रत्यारोप का ये सिलसिला जारी रहेगा।
पुलिस ने आश्वासन दिया है कि सच्चाई सामने लाकर दोषियों पर उचित कार्रवाई की जाएगी।

