मुंबई: अगर आप शेयर मार्केट में पैसा लगाने के शौकीन हैं और एक बड़े IPO का इंतजार कर रहे थे, तो अब अपनी कमर कस लीजिए। देश की सबसे पुरानी और सबसे बड़ी एसेट मैनेजमेंट कंपनी, SBI फंड्स मैनेजमेंट अपना पब्लिक इश्यू लेकर आ रही है। सबसे दिलचस्प बात यह है कि शेयर बाजार में आने से पहले ही ग्रे मार्केट में इस शेयर की डिमांड इतनी बढ़ गई है कि यह अभी से करीब 13 प्रतिशत ऊपर भागने लगा है।
बता दें कि मार्केट रेगुलेटर SEBI ने इस IPO के DRHP को 12 जून को ही हरी झंडी दे दी थी। अब इंतजार की घड़ियां खत्म हो गई हैं और यह इश्यू 14 जुलाई से खुलने जा रहा है।
मोटा-मोटी हिसाब लगाएं तो यह साल 2026 का अब तक का सबसे बड़ा पब्लिक इश्यू होने वाला है। यह कंपनी SBI म्यूचुअल फंड के लिए इन्वेस्टमेंट मैनेजर का काम संभालती है और मार्केट में इसका कद काफी बड़ा है।
IPO की डेट्स और प्राइस बैंड क्या है?
अगर आप इसमें पैसा लगाना चाहते हैं, तो कैलेंडर पर तारीखें मार्क कर लीजिए। यह IPO 14 जुलाई को खुलेगा और 16 जुलाई को बंद होगा।
लेकिन एंकर इनवेस्टर्स के लिए खेल एक दिन पहले यानी 13 जुलाई से ही शुरू हो जाएगा। अलॉटमेंट की प्रक्रिया 17 जुलाई को पूरी होने की उम्मीद है और 21 जुलाई को यह शेयर BSE और NSE पर लिस्ट हो सकते हैं।
अब बात करते हैं सबसे जरूरी चीज यानी प्राइस बैंड की। कंपनी ने इसके लिए 545 रुपये से 574 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया है।
अगर आप अप्लाई करना चाहते हैं, तो आपको कम से कम 26 शेयरों का एक लॉट खरीदना होगा।
क्या कंपनी नए शेयर जारी कर रही है?
यहाँ एक बात समझना बहुत जरूरी है। यह पूरा इश्यू 'ऑफर फॉर सेल' यानी OFS है।
इसका मतलब यह है कि कंपनी कोई नए शेयर जारी नहीं कर रही है, बल्कि मौजूदा निवेशक और प्रमोटर्स अपनी हिस्सेदारी बेच रहे हैं। ऐसे में IPO से जो भी पैसा आएगा, वह कंपनी के खजाने में नहीं बल्कि शेयर बेचने वालों की जेब में जाएगा।
कुल मिलाकर 20.37 करोड़ इक्विटी शेयरों की बिक्री की जा रही है।
शेयर आखिर बेच कौन रहा है?
इस सेल में दो बड़े नाम शामिल हैं। पहला है प्रमोटर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया (SBI), जो अपने 12.83 करोड़ शेयर (6.3 प्रतिशत हिस्सेदारी) बेच रहा है।
वहीं, पेरिस की कंपनी अमुंडी इंडिया होल्डिंग अपने 7.53 करोड़ शेयर (3.7 प्रतिशत हिस्सेदारी) बेच रही है।
वैल्यूएशन के हिसाब से देखें तो SBI को इस बिक्री से करीब 7,370 करोड़ रुपये मिलने की उम्मीद है, जबकि अमुंडी इंडिया होल्डिंग को 4,330 से 4,400 करोड़ रुपये के बीच का मोटा फंड मिल सकता है।
किसका कितना हिस्सा रिजर्व है?
कंपनी ने इस IPO के हिस्सेदारी का बंटवारा कुछ इस तरह किया है:
- QIB (क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स): 50 प्रतिशत हिस्सा
- रिटेल इनवेस्टर्स: 35 प्रतिशत हिस्सा
- NII (नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स): 15 प्रतिशत हिस्सा
इसके अलावा, SBI के मौजूदा शेयरहोल्डर्स के लिए करीब 1.3 करोड़ शेयर अलग से रिजर्व रखे गए हैं। वहीं, कंपनी के पात्र कर्मचारियों के लिए 170 करोड़ रुपये के शेयर रिजर्व हैं।
कर्मचारियों के लिए एक अच्छी खबर यह है कि उन्हें प्राइस बैंड में प्रति शेयर 54 रुपये की छूट मिलेगी, लेकिन SBI के शेयरहोल्डर्स को ऐसी कोई छूट नहीं दी गई है।
इस पूरे प्रोसेस को मैनेज करने के लिए कोटक महिंद्रा कैपिटल, एक्सिस कैपिटल, जेफरीज इंडिया, ICICI सिक्योरिटीज और HSBC सिक्योरिटीज जैसे बड़े नाम बुक रनिंग लीड मैनेजर की भूमिका निभा रहे हैं। लिस्टिंग के बाद कंपनी का मार्केट कैपिटलाइजेशन लगभग 1.17 लाख करोड़ रुपये होने की उम्मीद है।



































