खगड़िया: बिहार की सियासी गलियों में 2026 के विधान परिषद चुनाव की आहट अभी से सुनाई देने लगी है. कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से होने वाले इस चुनाव के लिए अभी से ज़मीन तैयार की जा रही है, और इसका सबसे बड़ा नज़ारा रविवार को खगड़िया में देखने को मिला. शहर के केएन क्लब में एक ऐसा 'स्नातक मतदाता संवाद कार्यक्रम' आयोजित हुआ, जिसने हर किसी का ध्यान अपनी ओर खींच लिया. आयोजकों का दावा है कि कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के 74 साल के इतिहास में यह अपनी तरह का पहला और सबसे बड़ा आयोजन था, जहाँ जिले के कोने-कोने से लगभग पाँच हज़ार स्नातक मतदाता जुटे. ये पाँच हज़ार लोग सिर्फ़ भीड़ नहीं थे, बल्कि बिहार के भविष्य और अपनी उम्मीदों को लेकर बैठे थे.
कार्यक्रम में पहुंचने के साथ ही संभावित एमएलसी प्रत्याशी रजनीश रंजन, जिन्हें लोग ‘कोसी पुत्र’ के नाम से भी जानते हैं, का भव्य स्वागत हुआ. समर्थकों ने मालाएं पहनाईं और ज़ोरदार नारों के साथ उनका उत्साह बढ़ाया.
इतनी बड़ी संख्या में जुटे स्नातक मतदाताओं को संबोधित करते हुए रजनीश रंजन ने सीधे दिल पर दस्तक दी. उन्होंने कहा कि अगर कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की जनता ने उन्हें अपना समर्थन दिया, तो वे सिर्फ़ एक नाम नहीं, बल्कि विधान परिषद में स्नातक युवाओं, शिक्षकों, वकीलों, पत्रकारों और उन हज़ारों बेरोज़गार नौजवानों की आवाज़ बनेंगे, जिनकी बात सदन तक नहीं पहुँच पाती.
'सात निश्चय' के ज़रिए दिया भरोसा: रजनीश रंजन के बड़े वादे
रजनीश रंजन ने अपने संबोध में एक-एक करके अपनी प्राथमिकताएं गिनाईं, जिन्हें उन्होंने 'सात निश्चय' का नाम दिया. ये निश्चय सिर्फ़ वादे नहीं थे, बल्कि कोसी क्षेत्र के लोगों की पुरानी समस्याओं का एक संभावित समाधान थे.
उनके इन वादों में कुछ प्रमुख बातें ये रहीं:
- स्वरोज़गार के लिए ब्याजमुक्त ऋण: रजनीश रंजन ने सबसे पहले शिक्षित बेरोज़गार युवाओं के लिए एक बड़ी राहत का ऐलान किया. उन्होंने वादा किया कि अगर वे एमएलसी बनते हैं, तो वे युवाओं को स्वरोज़गार स्थापित करने के लिए 5 लाख रुपये तक का ब्याजमुक्त ऋण दिलाने का रास्ता साफ करेंगे. यह सीधा युवाओं के पलायन और रोज़गार की समस्या पर चोट करने जैसा था.
- 'एक पाठ्यक्रम-एक वेतनमान': उन्होंने शिक्षा व्यवस्था में समानता लाने की बात कही. 'एक पाठ्यक्रम-एक वेतनमान' के ज़रिए वे शिक्षकों के बीच व्याप्त वेतन विसंगतियों को दूर करना चाहते हैं, जिससे शिक्षकों को समान काम के लिए समान वेतन मिल सके.
- वित्त रहित शिक्षा व्यवस्था की समाप्ति: बिहार की शिक्षा प्रणाली में एक बड़ी समस्या वित्त रहित शिक्षा व्यवस्था की है, जो शिक्षकों और संस्थानों दोनों के लिए बड़ी चुनौती है. रजनीश रंजन ने इसे खत्म करने का वादा किया, जिससे शिक्षा का स्तर सुधर सके.
- जीवन सुरक्षा बीमा: सभी स्नातकों के लिए जीवन सुरक्षा बीमा लागू करने की बात भी उन्होंने कही, जिससे अचानक आने वाली मुश्किलों में उनके परिवार को आर्थिक संबल मिल सके.
- कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा: शिक्षकों, अधिवक्ताओं, पत्रकारों, संविदाकर्मियों और बेरोज़गार स्नातकों के लिए कैशलेस स्वास्थ्य सुविधा का वादा भी उन्होंने किया. यह वादा सुनकर कई लोगों के चेहरों पर सुकून दिखा, क्योंकि स्वास्थ्य खर्च आज भी एक बड़ी चिंता का विषय है.
- पुस्तकालय और ई-लाइब्रेरी: शिक्षा और ज्ञान के प्रसार के लिए रजनीश रंजन ने जिला, अनुमंडल और प्रखंड स्तर पर आधुनिक पुस्तकालय और ई-लाइब्रेरी की स्थापना का संकल्प लिया. यह कदम डिजिटल युग में ज्ञान तक पहुँच को आसान बनाने वाला है.
- अधिवक्ताओं के लिए हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर: वकीलों के हितों की बात करते हुए उन्होंने अधिवक्ताओं के लिए हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर स्थापित करने का भी ज़िक्र किया, जो उनके स्वास्थ्य और कल्याण को सुनिश्चित करेगा.
- बेरोज़गार स्नातकों के लिए मासिक भत्ता: अंत में, उन्होंने बेरोज़गार स्नातकों के लिए मासिक भत्ता लागू कराने का भी वादा किया, जिससे उनके जीवन-यापन में थोड़ी मदद मिल सके.
रोज़गार और पलायन के सवालों पर रजनीश रंजन का जवाब
संवाद कार्यक्रम के दौरान, मंच से रजनीश रंजन बोलते रहे और सामने बैठे स्नातक मतदाता अपनी समस्याओं और शंकाओं को लेकर सवाल पूछते रहे. सबसे ज़्यादा सवाल रोज़गार, पलायन, शिक्षा और स्वास्थ्य से जुड़े थे.
बिहार जैसे राज्य में पलायन एक बहुत बड़ी समस्या है, और युवाओं का सबसे पहला सवाल इसी पर था. रजनीश रंजन ने बड़ी गंभीरता से सभी सवालों का जवाब दिया.
उन्होंने कहा कि युवाओं का पलायन रोकने के लिए स्थानीय स्तर पर रोज़गार और स्वरोज़गार के अवसर बढ़ाने पर सरकार पर लगातार दबाव बनाया जाएगा. उन्होंने इस बात पर ज़ोर दिया कि स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के प्रतिनिधि का काम सिर्फ़ चुनाव जीतना नहीं है, बल्कि स्नातकों की समस्याओं के समाधान के लिए सड़क से लेकर सदन तक लगातार संघर्ष करना है.
यह बात सुनकर कई स्नातक मतदाताओं ने अपनी सहमति जताई और रजनीश रंजन के प्रति अपना समर्थन भी व्यक्त किया.
कोर टीम का भरोसा और मनीषा रंजन का आभार
इस पूरे कार्यक्रम में कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के अलग-अलग ज़िलों से आए कोर टीम के सदस्यों ने रजनीश रंजन के पक्ष में मज़बूती से काम करने का भरोसा दिलाया. उन्होंने कहा कि वे आने वाले चुनाव में कोई कसर नहीं छोड़ेंगे.
कार्यक्रम के आख़िर में, रेडियो ईस्ट एंड वेस्ट की महानिदेशिका और भूपेंद्र नारायण मंडल विश्वविद्यालय की सीनेट सदस्या मनीषा रंजन ने सभी स्नातक मतदाताओं का आभार व्यक्त किया. उन्होंने दोहराया कि अगर रजनीश रंजन एमएलसी बनते हैं, तो वे खगड़िया समेत पूरे कोसी क्षेत्र के स्नातकों के हक़ और अधिकार की लड़ाई को सड़क से लेकर सदन तक, पूरी ताक़त के साथ लड़ेंगे.
यह कार्यक्रम सिर्फ़ एक चुनावी सभा नहीं, बल्कि कोसी क्षेत्र के हज़ारों स्नातकों की उम्मीदों का एक बड़ा जमावड़ा बन गया था, जिसकी गूँज आने वाले दिनों में और तेज़ होने वाली है.




































