नवादा: बिहार के नवादा जिले से एक ऐसी दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है, जिसने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया है। एक मासूम बच्चा, जो दोपहर में खाना खाकर खेलने निकला था, देर शाम एक तालाब में मृत पाया गया। लेकिन ये सिर्फ मौत नहीं थी, बल्कि दरिंदगी की ऐसी इंतहा थी, जिसे सुनकर किसी भी मां-बाप का कलेजा मुंह को आ जाए। बच्चे की दोनों आंखें फोड़ दी गई थीं और उसके कान पर भी गहरे चोट के निशान थे। ये घटना काशीचक थाना क्षेत्र की है, जहां राम बाबू चौधरी का बेटा आर्यन कुमार इस क्रूरता का शिकार हुआ। परिवार अब न्याय की गुहार लगा रहा है, और पुलिस से इस बर्बर हत्या के पीछे के गुनहगारों को जल्द से जल्द पकड़ने की मांग कर रहा है।
मामला 4 जुलाई का है। दोपहर के करीब 3 बजे थे, जब आर्यन कुमार ने घर पर खाना खाया और फिर अपने दोस्तों के साथ खेलने के लिए निकल गया।
शाम ढलने लगी, सूरज अस्ताचल की ओर बढ़ चला, लेकिन आर्यन घर नहीं लौटा। जैसे-जैसे घड़ी की सुई आगे बढ़ी, राम बाबू चौधरी और उनके परिवार की बेचैनी बढ़ती गई।
आमतौर पर आर्यन शाम तक लौट आता था, लेकिन उस दिन वह नहीं आया। परिवार वालों ने पहले सोचा कि शायद वह दोस्तों के साथ कहीं ज्यादा देर रुक गया होगा, लेकिन फिर चिंता बढ़ने लगी।
घर के छोटे-बड़े, सभी लोग आर्यन की तलाश में जुट गए।
मासूम आर्यन की आखिरी शाम और लापता होने का दर्द
शाम के अंधेरे में आर्यन की तलाश शुरू हुई। परिजन, पड़ोसी, और कुछ दोस्त मिलकर इलाके के हर कोने में उसे ढूंढने लगे।
हर गली, हर नुक्कड़, खेत-खलिहान, जहां भी आर्यन जा सकता था, वहां उसे पुकारा गया। चार घंटे तक यह तलाश जारी रही, लेकिन मासूम का कोई सुराग नहीं मिला।
रात के करीब 7:30 बजे थे, जब एक भयावह खबर ने पूरे परिवार को तोड़ दिया। शौकत मियां का तालाब, जो हाल ही में खोदा गया था, उसमें आर्यन का शव मिला।
यह सुनते ही परिवार पर मानों पहाड़ टूट पड़ा। उनकी तलाश एक ऐसे अंत पर पहुंची थी, जिसकी किसी ने कल्पना भी नहीं की थी।
शौकत मियां के तालाब में मिली दरिंदगी की निशानी
जब आर्यन का शव तालाब से निकाला गया, तो उसकी हालत देखकर हर कोई स्तब्ध रह गया। बच्चे के शरीर पर जो निशान थे, वे किसी सामान्य मौत की कहानी नहीं कह रहे थे, बल्कि चीख-चीख कर बता रहे थे कि उसके साथ कितनी बेरहमी की गई थी।
आर्यन की दोनों आंखें फूटी हुई थीं। चेहरे पर, खासकर आंखों के आसपास, गहरी चोटों के निशान थे।
उसके कान पर भी कटने और चोट के गहरे निशान थे। इस मंजर ने मौके पर मौजूद हर शख्स को हिलाकर रख दिया।
परिवार वाले आर्यन को लेकर बौरी अस्पताल भागे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने भी बच्चे के शरीर पर मौजूद गंभीर चोटों की पुष्टि की, जो इस बात का स्पष्ट संकेत था कि उसकी हत्या क्रूरतापूर्वक की गई है।
'अमरूद तोड़ने पर जान से मारने की धमकी मिली थी'
राम बाबू चौधरी, आर्यन के पिता, का रो-रोकर बुरा हाल था। उन्होंने अपने पड़ोसी कुर्बान मियां (पिता कलाम मियां) पर अपने बेटे की हत्या का सीधा आरोप लगाया है।
राम बाबू चौधरी ने बताया कि कुर्बान मियां पहले भी आर्यन को अमरूद तोड़ने के लिए कई बार धमका चुके थे। उनका आरोप है कि कुर्बान मियां के बगीचे से अमरूद तोड़ने की बात पर पहले भी कई बार आर्यन को पकड़ा गया था।
बच्चे के दोस्तों ने भी इस बात की पुष्टि की है कि आर्यन अक्सर कुर्बान मियां के बगीचे से अमरूद तोड़ता था।
पिता ने आगे बताया कि कुर्बान मियां ने आर्यन को पकड़े जाने पर जान से मारने की धमकी भी दी थी। उनके अनुसार, एक-दो बार तो कुर्बान मियां ने आर्यन के साथ मारपीट भी की थी और गाली-गलौज भी की थी।
राम बाबू चौधरी का आरोप है कि कुर्बान मियां ने अपने दो-चार अज्ञात साथियों के साथ मिलकर उनके बेटे की हत्या की है और फिर शव को तालाब में फेंक दिया। उन्होंने स्थानीय प्रशासन से इस पूरे मामले की गहनता से जांच करने और दोषियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने की मांग की है।
आर्यन की मौत ने पूरे इलाके में एक दहशत का माहौल पैदा कर दिया है, और हर कोई बस यही चाहता है कि इस जघन्य अपराध के गुनहगारों को जल्द से जल्द पकड़ा जाए और उन्हें उनके किए की सजा मिले। पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है और आगे की जांच में जुट गई है, ताकि इस मासूम को इंसाफ मिल सके।




































