मुंबई: भैया, सुबह-सुबह मार्केट की घंटी बजने वाली है और दलाल स्ट्रीट पर आज क्या हलचल रहेगी, इस पर सबकी निगाहें टिकी हैं। अगर आप भी शेयर बाजार के खिलाड़ी हैं या बस अपडेटेड रहना चाहते हैं, तो कान खोलकर सुन लीजिए। आज भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत थोड़ी मिली-जुली हो सकती है, मतलब न बहुत ज़्यादा उछाल, न बहुत बड़ी गिरावट। ये संकेत हमें कहां से मिल रहे हैं? हमारे सिंगापुर वाले दोस्त, गिफ्ट निफ्टी (GIFT Nifty) से।
गिफ्ट निफ्टी आज सुबह-सुबह बता रहा है कि निफ्टी50 के लिए कहानी कुछ अच्छी शुरू हो सकती है। फ्यूचर्स मार्केट में ये इंडेक्स 102 पॉइंट्स की उछाल के साथ 24,586 पर ट्रेड करता दिखा।
इसका सीधा मतलब है कि भारतीय बाजार में आज एक सकारात्मक शुरुआत की उम्मीद तो है, लेकिन कहानी इतनी सीधी भी नहीं है, क्योंकि ग्लोबल बाजार से जो संकेत आ रहे हैं, वो थोड़े पेचीदा हैं। एक तरफ जहां गिफ्ट निफ्टी कुछ राहत दे रहा है, वहीं दूसरी तरफ एशिया के बाकी बाज़ारों में आज सुबह काफ़ी उठापटक देखने को मिल रही है।
एशियाई बाजारों में आज क्या हो रहा है?
देखिए, शेयर बाजार सिर्फ अपने देश की कहानी नहीं होती, बल्कि दुनियाभर की अर्थव्यवस्थाएं और उनकी खबरें भी हमारे बाजार पर सीधा असर डालती हैं। आज सुबह जब हमने एशिया के बाज़ारों पर नज़र डाली, तो वहां मामला थोड़ा ठंडा-ठंडा सा दिखा।
ज़्यादातर एशियाई बाज़ार लाल निशान में ट्रेड कर रहे थे, मतलब वहां के इंडेक्स नीचे गिरे हुए थे। इन सब में सबसे ज़्यादा झटका लगा है दक्षिण कोरिया को।
- दक्षिण कोरिया का कोस्पी (KOSPI): दक्षिण कोरिया का मुख्य शेयर बाजार इंडेक्स कोस्पी आज 5 फीसदी तक नीचे गिरा हुआ था। ये कोई छोटी-मोटी गिरावट नहीं है, बल्कि एक बड़ी गिरावट है जो वहां के निवेशकों को चिंता में डाल रही है।
- जापान का निक्केई 255 (Nikkei 255): पड़ोसी देश जापान का प्रमुख इंडेक्स निक्केई 255 भी आज 0.93 फीसदी की गिरावट के साथ ट्रेड कर रहा था। मतलब जापान में भी सुबह की शुरुआत थोड़ी सुस्त ही रही है।
अब सवाल ये कि अचानक एशिया में इतनी गिरावट क्यों? खासकर दक्षिण कोरिया के बाजार में इतनी बड़ी गिरावट के पीछे क्या वजह है? इसकी बड़ी वजह बनी है एक कंपनी – सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स।
सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स और बाजार पर असर
अगर आपने सैमसंग का नाम नहीं सुना, तो समझ लीजिए कि आप किसी और दुनिया में हैं। मोबाइल से लेकर टीवी और चिप्स तक बनाने वाली ये दिग्गज कंपनी दक्षिण कोरिया की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है।
और जब इस कंपनी के शेयर लड़खड़ाते हैं, तो पूरे देश के बाजार पर इसका असर दिखना तय है।
आज सुबह सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स के शेयर की कीमत में 7 फीसदी की भारी गिरावट दर्ज की गई। अब आप सोचेंगे कि एक कंपनी के शेयर गिरने से इतना बड़ा बवाल क्यों? तो भैया, बात ये है कि सैमसंग सिर्फ एक कंपनी नहीं, बल्कि दक्षिण कोरियाई अर्थव्यवस्था का एक बहुत बड़ा हिस्सा है।
इसकी परफॉर्मेंस का सीधा असर पूरे बाजार के मूड पर पड़ता है। कंपनी ने 89.4 ट्रिलियन वॉन के आंकड़े भी सामने रखे, लेकिन इन आंकड़ों के साथ शेयर में गिरावट ने निवेशकों को परेशान कर दिया है।
विशेषज्ञ मानते हैं कि सैमसंग जैसी बड़ी कंपनियों की तिमाही नतीजे या उनके भविष्य को लेकर कोई भी अपडेट पूरे बाजार को हिला सकता है। आज की गिरावट के पीछे कुछ ऐसे ही आंतरिक कारण हो सकते हैं, जिनकी वजह से निवेशकों ने सैमसंग के शेयरों से दूरी बनाई।
और जब एक इतनी बड़ी कंपनी 7 फीसदी नीचे जाती है, तो स्वाभाविक है कि कोस्पी जैसे इंडेक्स को 5 फीसदी तक का गोता लगाना पड़े।
भारतीय बाजार पर क्या होगा असर?
अब बात करते हैं अपने बाजार की। जैसा कि हमने पहले बताया, GIFT Nifty तो हल्की बढ़त दिखा रहा है, जो एक अच्छी खबर है।
लेकिन एशियाई बाज़ारों में खासकर दक्षिण कोरिया और जापान में जो गिरावट दिख रही है, वो एक चिंता का विषय भी है। हमारे बाजार अक्सर ग्लोबल संकेतों को फॉलो करते हैं।
ऐसे में, आज भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत के बाद, निवेशकों की नज़र इस बात पर रहेगी कि एशियाई बाजारों का ये मूड कितना गहरा होता है और क्या वो हमारे बाजार को भी नीचे खींच पाता है।
सुबह के ट्रेड में, हमें ये देखना होगा कि बड़े निवेशक – यानी फॉरेन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (FIIs) और डोमेस्टिक इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (DIIs) – किस तरह का रुख अपनाते हैं। FIIs का पैसा अक्सर ग्लोबल मूड से प्रभावित होता है।
अगर वे बिकवाली पर उतरते हैं, तो बाजार पर दबाव बढ़ सकता है। वहीं, अगर घरेलू निवेशक यानी DIIs खरीददारी जारी रखते हैं, तो बाजार को कुछ सहारा मिल सकता है।
आज के लिए सबसे ज़रूरी यही है कि निवेशक बहुत संभलकर ट्रेड करें। शुरुआती घंटों में बाजार की दिशा साफ होने तक इंतज़ार करना समझदारी होगी।
ग्लोबल क्यूज और घरेलू माइक्रो इकोनॉमिक आंकड़ों पर भी नज़र रखना अहम होगा। आगे दिन में बाजार कैसा प्रदर्शन करता है, इस पर हमारी पैनी नज़र बनी रहेगी।
उम्मीद है कि भारतीय बाजार आज की शुरुआत के बाद खुद को संभालने में कामयाब रहेगा और निवेशकों को निराश नहीं करेगा।






































