नई दिल्ली: कल्पना कीजिए, आपने रात के खाने या सुबह के नाश्ते के लिए कुछ ऑर्डर किया। सोचा कि 'झटपट डिलीवरी' वाला ऐप तुरंत ताजा और बढ़िया सामान ले आएगा। लेकिन जब पैकेट खुला, तो पता चला कि अंदर का दूध फटा हुआ है, या फिर बच्चे के लिए मंगवाया गया खाना तो एक्सपायर हो चुका है! यह कोई मनगढ़ंत कहानी नहीं है, बल्कि देश के सबसे बड़े फूड रेगुलेटर FSSAI (फूड सेफ्टी एंड स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया) की हालिया जांच और ग्राहकों की ढेरों शिकायतों से सामने आई कड़वी सच्चाई है।
ऑनलाइन क्विक कॉमर्स डिलीवरी प्लेटफॉर्म स्विगी इंस्टामार्ट पर इसी तरह की गंभीर शिकायतें दर्ज हुई हैं। ग्राहकों ने आरोप लगाया है कि उन्हें एक्सपायर हो चुके, सड़े-गले, दूषित और असुरक्षित खाने-पीने के प्रोडक्ट डिलीवर किए जा रहे हैं।
मामला सिर्फ एक-दो शिकायतों का नहीं है, बल्कि इतनी गंभीर और लगातार शिकायतें थीं कि FSSAI को खुद एक्शन में आना पड़ा।
आखिर स्विगी इंस्टामार्ट पर चल क्या रहा है?
फूड सेफ्टी स्टैंडर्ड्स अथॉरिटी ऑफ इंडिया (FSSAI) ने इस पूरे मसले को बहुत गंभीरता से लिया है। उन्होंने FSS एक्ट 2006 के तहत नियमों के उल्लंघन को देखते हुए स्विगी इंस्टामार्ट को एक-दो नहीं, बल्कि पूरे 9 नोटिस जारी किए हैं।
ये नोटिस कोई मामूली चेतावनी नहीं, बल्कि उन गंभीर चिंताओं पर आधारित हैं जो सीधे तौर पर पब्लिक हेल्थ से जुड़ी हैं।
ग्राहकों की शिकायतों में जो बातें सामने आई हैं, वो वाकई हैरान कर देने वाली हैं। कई ग्राहकों ने बताया कि उन्हें ऐसे फूड प्रोडक्ट डिलीवर किए गए जो एक्सपायर हो चुके थे, यानी उनकी इस्तेमाल करने की अंतिम तारीख निकल चुकी थी।
कुछ मामलों में तो प्रोडक्ट इतने खराब और सड़े-गले थे कि उन्हें देखकर ही उल्टी आ जाए। सोचिए, जब लोग ऑनलाइन फ्रेश सामान मंगवाते हैं, तो उनकी उम्मीदें क्या होती होंगी और जब ऐसे खराब प्रोडक्ट मिलते हैं, तो कितना गुस्सा आता होगा?
सबसे गंभीर शिकायत एक शिशु आहार (infant food formulation) को लेकर थी। यह शिशु आहार बेहद खराब और असुरक्षित स्थिति में पाया गया, जिसमें साफ तौर पर दूषित होने और गलत तरीके से स्टोरेज व हैंडलिंग के लक्षण दिख रहे थे।
इससे भी ज्यादा चिंताजनक बात यह रही कि जब इस प्रोडक्ट को वापस किया गया, तो आरोप है कि उसे दोबारा किसी और ग्राहक को सप्लाई कर दिया गया। यह लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जा सकती, खासकर जब बात बच्चों के खाने की हो।
सिर्फ शिशु आहार ही नहीं, ग्राहकों ने स्विगी इंस्टामार्ट के जरिए दूषित अंडे और खराब दूध की डिलीवरी की भी शिकायत की है। कई पैकेजबंद फूड आइटम्स भी ऐसे मिले जो खराब हो चुके थे।
इन शिकायतों ने क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर बिकने वाले सामान की क्वालिटी कंट्रोल और डिलीवरी प्रक्रिया पर एक बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।
FSSAI ने और क्या गड़बड़ी पकड़ी है?
FSSAI की जांच में एक और बड़ी खामी सामने आई है। रेगुलेटर ने देखा कि प्लेटफॉर्म पर जिन फूड बिजनेस करने वाली कंपनियों को लिस्ट किया गया है, उनके लाइसेंस नंबर या तो गलत हैं, अमान्य हैं या फिर वे नंबर मौजूद ही नहीं हैं।
इतना ही नहीं, कुछ फूड बिजनेस अपनी FSSAI रजिस्ट्रेशन में दर्ज नाम से अलग नामों से प्लेटफॉर्म पर लिस्ट किए जा रहे थे। यह सीधे-सीधे पारदर्शिता और जवाबदेही से खिलवाड़ है, क्योंकि इससे यह पता लगाना मुश्किल हो जाता है कि आखिर खाना कौन बेच रहा है और उसकी क्वालिटी की जिम्मेदारी किसकी है।
शिकायतों पर एक्शन के नाम पर क्या हुआ?
FSSAI ने अपनी नोटिस में इस बात पर भी जोर दिया है कि शिकायतों को सुलझाने के तरीके में भी बड़ी लापरवाही बरती गई। कुछ ग्राहकों ने बताया कि जब उन्होंने खराब प्रोडक्ट की शिकायत की, तो उनकी शिकायतों को आगे बढ़ाए जाने या उच्च स्तर पर ले जाने के बावजूद कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला और न ही कोई सुधारात्मक कार्रवाई की गई।
कुछ मामलों में तो सिर्फ 'रिफंड' देकर मामला रफा-दफा करने की कोशिश की गई, जबकि फूड सेफ्टी से जुड़ी चिंताओं का समाधान किए बिना केवल पैसे वापस करना समस्या का हल नहीं है। फूड सेफ्टी का मतलब है कि ऐसी घटना दोबारा न हो और प्रोडक्ट की क्वालिटी सुधारी जाए, न कि सिर्फ पैसे वापस कर दिए जाएं।
तो FSSAI ने इंस्टामार्ट से क्या पूछा है?
FSSAI ने स्विगी इंस्टामार्ट को जो 9 नोटिस भेजे हैं, उनमें कई गंभीर चिंताएं उठाई गई हैं। इनमें से कुछ मुख्य बातें ये हैं:
- सेलर को प्लेटफॉर्म पर जोड़ना: प्लेटफॉर्म पर नए सेलर्स को जोड़ने से पहले उनकी प्रॉपर जांच पड़ताल क्यों नहीं की जाती?
- नियमों का पालन: क्या यह सुनिश्चित किया जाता है कि सभी विक्रेता फूड सेफ्टी नियमों का पालन कर रहे हैं?
- ट्रेसेबिलिटी: क्या प्लेटफॉर्म पर बेचे गए हर प्रोडक्ट की ट्रेसेबिलिटी यानी उसकी पूरी यात्रा को ट्रैक करने की व्यवस्था है?
- फूड क्वालिटी की निगरानी: डिलीवर होने वाले फूड प्रोडक्ट की क्वालिटी की निगरानी कैसे की जाती है?
- ग्राहकों की शिकायतों का समाधान: ग्राहकों की शिकायतों को प्रभावी ढंग से और संतोषजनक तरीके से कैसे हैंडल किया जाता है?
- फूड बिजनेस गतिविधियों की निगरानी: प्लेटफॉर्म पर चल रही फूड बिजनेस गतिविधियों की रेगुलर निगरानी कैसे होती है?
- खाद्य सुरक्षा नियमों का पालन: यह कैसे सुनिश्चित किया जाता है कि खाद्य सुरक्षा के सभी नियमों का सही तरीके से पालन हो रहा है?
FSSAI ने इंस्टामार्ट को इन सभी सवालों पर डिटेल में स्पष्टीकरण देने और एक कंप्लायंस रिपोर्ट जमा करने का निर्देश दिया है। रेगुलेटर ने साफ-साफ कह दिया है कि अगर स्विगी इंस्टामार्ट इन निर्देशों का पालन नहीं करता और संतोषजनक जवाब नहीं देता, तो उसके खिलाफ कानून के मुताबिक उचित कार्रवाई की जाएगी।
इसमें जुर्माने से लेकर अन्य कानूनी प्रक्रियाएं शामिल हो सकती हैं।
बता दें कि FSSAI हाल के दिनों में काफी एक्टिव रहा है। उन्होंने सिर्फ स्विगी इंस्टामार्ट ही नहीं, बल्कि एनर्जी ड्रिंक बनाने वाली कई कंपनियों, शराब बनाने वाली कंपनियों और अन्य फूड कंपनियों को भी नोटिस जारी किए हैं।
यह दिखाता है कि FSSAI फूड सेफ्टी के मामले में कोई ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है और वह देश के हर नागरिक तक सुरक्षित और स्वच्छ खाना पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। अब देखना होगा कि स्विगी इंस्टामार्ट इस चुनौती का सामना कैसे करता है और अपने ग्राहकों का भरोसा दोबारा कैसे जीत पाता है।




































