मुंबई: समंदर की लहरें, यूं तो हमेशा ही दिलकश लगती हैं, लेकिन जब वो अपनी हदें पार करने लगें तो थोड़ा डर तो लगता ही है। कुछ ऐसा ही नजारा बीती 12 जुलाई को मुंबई के मरीन ड्राइव पर देखने को मिला, जब अरब सागर से ऊंची-ऊंची लहरें उठने लगीं। हाई टाइड का ये नजारा देखने वाले तो बहुत थे, लेकिन इसके पीछे की वजह थी मानसून की पूरी मेहरबानी। एक तरफ मायानगरी में हाई टाइड का ये जलवा था, तो दूसरी तरफ देश के मौसम विभाग यानी IMD ने कई राज्यों के लिए 'बहुत भारी बारिश' का अलर्ट जारी कर दिया है। ये कोई मामूली चेतावनी नहीं, बल्कि आने वाले दिनों के लिए पूरी तैयारी रखने का इशारा है।
देश के ज्यादातर हिस्सों में मानसून पूरी तरह से एक्टिव है। कहीं हल्की फुहारें तो कहीं मूसलाधार बारिश का सिलसिला जारी है।
इसी बीच IMD ने अपनी ताजा अपडेट में बताया है कि अभी तो बस ये शुरुआत है, असली खेल तो आगे होना बाकी है। कई राज्यों में भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है, जिसके साथ तेज हवाएं और बिजली गिरने का भी अलर्ट है।
तो सवाल ये है कि आखिर किन-किन राज्यों को रहना होगा सबसे ज्यादा सावधान?
कौन से राज्यों में बरसेगा सबसे ज्यादा पानी?
मौसम विभाग के ताजा अनुमान के मुताबिक, 12 जुलाई को देश के कुछ खास हिस्सों में मूसलाधार बारिश होने की पूरी संभावना है। IMD ने कुछ राज्यों के लिए विशेष तौर पर भारी से बहुत भारी बारिश का पूर्वानुमान जताया है।
इनमें वो इलाके शामिल हैं, जहां थोड़ी सी भी ज्यादा बारिश बड़ा डैमेज कर सकती है।
- बिहार: इस राज्य के अलग-अलग इलाकों में अच्छी बारिश का अनुमान है।
- असम और मेघालय: ये पूर्वोत्तर के राज्य तो वैसे भी मानसून में खूब पानी पीते हैं, लेकिन इस बार इन्हें और भी ज्यादा तैयार रहना होगा।
- पूर्वी उत्तर प्रदेश: यहां के कुछ स्थानों पर तो बहुत भारी बारिश की विशेष चेतावनी दी गई है, मतलब भैया, पानी ही पानी।
- उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम: पहाड़ों से सटे इन इलाकों में भी जबरदस्त बारिश की आशंका है।
किन और राज्यों में होगी भारी बारिश?
ऊपर बताए गए राज्यों के अलावा, देश के कई और हिस्सों में भी आज भारी बारिश होने की संभावना जताई गई है। मतलब, अगर आप इन इलाकों में रहते हैं, तो छाता और रेनकोट तैयार रखिए।
- उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश: पहाड़ी राज्यों में भारी बारिश से लैंडस्लाइड का खतरा बढ़ जाता है, इसलिए यहां लोगों को खास ध्यान रखने की जरूरत है।
- हरियाणा और चंडीगढ़ (उत्तरी हिस्से): इन इलाकों में भी झमाझम बारिश होने वाली है।
- पंजाब (उत्तरी हिस्से): पड़ोसी राज्य पंजाब के उत्तरी हिस्सों में भी मानसून का जोर दिखेगा।
- जम्मू और कश्मीर-लद्दाख: यहां भी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा।
- झारखंड और ओडिशा: पूर्वी भारत के इन राज्यों में भी मौसम बिगड़ने की संभावना है।
- छत्तीसगढ़: सेंट्रल इंडिया का ये राज्य भी बारिश की चपेट में रहेगा।
- गंगा तटीय पश्चिम बंगाल: गंगा के किनारे वाले इलाकों में भी अच्छी खासी बारिश हो सकती है।
- अरुणाचल प्रदेश: पूर्वोत्तर का ये राज्य भी जोरदार बारिश के लिए तैयार रहे।
- नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम और त्रिपुरा: इन सभी राज्यों में भी मानसून की जोरदार एंट्री देखने को मिलेगी।
तूफान और बिजली गिरने का भी डर है क्या?
जी हां, सिर्फ बारिश ही नहीं, मौसम विभाग ने बारिश के साथ-साथ कई राज्यों में तेज रफ्तार हवाओं और गरज-चमक के साथ बिजली गिरने का भी अलर्ट जारी किया है। मतलब, माहौल थोड़ा डरावना हो सकता है।
- जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर गरज-चमक के साथ बिजली गिरने और तेज झोंकेदार हवाएं चलने की संभावना है।
- खास तौर पर जम्मू-कश्मीर में 40-60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। ये रफ्तार अच्छी खासी होती है, जो पेड़-पौधों को नुकसान पहुंचा सकती है।
- अंडमान और निकोबार द्वीप समूह, पूर्वी मध्य प्रदेश, जम्मू-कश्मीर-लद्दाख और झारखंड में अलग-अलग स्थानों पर बिजली कड़कने के साथ 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की उम्मीद है।
- गंगा तटीय पश्चिम बंगाल, ओडिशा और पश्चिमी मध्य प्रदेश में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने और आंधी-तूफान के साथ बिजली गिरने की गतिविधि हो सकती है।
- अरुणाचल प्रदेश, असम और मेघालय, बिहार, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल, सिक्किम और उत्तराखंड के अलग-अलग हिस्सों में आकाशीय बिजली गिरने का अनुमान जताया गया है।
कुल मिलाकर, मौसम विभाग की ये चेतावनी हमें यही बताती है कि आने वाले दिन थोड़े मुश्किल हो सकते हैं। अरब सागर के ऊपर भी मौसम खराब रहने की आशंका है।
मध्य और उससे सटे उत्तरी अरब सागर, उत्तरी गुजरात तट के कुछ हिस्सों, उत्तर-पूर्वी अरब सागर में भी हलचल तेज होगी। ऐसे में सभी को एक्स्ट्रा सावधान रहने की जरूरत है, ताकि मानसून का ये तेवर किसी तरह का बड़ा नुकसान न पहुंचाए।
घर से बाहर निकलने से पहले एक बार मौसम का हाल जरूर देख लें और जरूरी तैयारी करके निकलें।








































